देव गुरु की मार्गी चाल 11मार्च से

वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, भाग्य के कारक गुरु बृहस्पति इस समय मिथुन राशि में वक्री अवस्था में विराजमान है और मार्च में वह इसी राशि में मार्गी हो जाएंगे। ऐसे में सिंह, तुला, कुम्भ सहित इन राशियों को नौकरी-बिजनेस में अपार सफलता हासिल हो सकती है।

11 मार्च को देवगुरु बृहस्पति की होगी सीधी चाल सकारात्मक समय सिंह, तुला, कुम्भ

Leo singhसिंह
सुख सुविधाओं मे वृद्धि, मांगलिक कार्य, व्यापार और पद प्रथिष्ठा बढ़ने का समय, स्वत आगे बढ़ने का प्रयास करें भाग्य का साथ मिलेगा

Libraतुला 
लाभ की स्थितियां बनेगी, नयी सम्भावनाओं का उदय होगा, बौद्धिक बल बढेगा,
संतान, शिक्षा और कार्यों को विस्तार के लिये अनुकूलता, कार्यों को उत्साह से करें, बुद्धि और भाग्य का साथ मिलेगा, हम आने ना दे सहज और सरल रहे.
Aquariusकुंभ
व्यक्तित्व और प्रभाव बढेगा, मांगलिक कार्य मे व्यस्तता, दाम्पत्य जीवन और सांझे दारी को लेकर अनुकूलता,लाभ का अनुपात बढेगा,भाग्य का साथ, जिम्मेदारियाँ लेने का समय, स्वाथ्य का ध्यान रखें,, उद्वेग से बचें भाग्य का साथ मिलेगा

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स्वाती सक्सेना को 70 वे राष्ट्रीय ज्योतिष महासम्मेलन गुवाहाटी में वैदिक विभूषण की उपाधि से श्री कलराज मिश्र द्वारा अलंकृत किया गया।ज्योतिष महाकुंभ में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत से देहरादून में सम्मान प्राप्त किया,भारत के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के नाती और उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह से कानपुर मे सम्मान प्राप्त किया। 2022 उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ जी द्वारा ज्योतिष-आयुर्वेद महासमागम मे सम्मानित किया हस्तरेखा, वैदिक ज्योतिष व फेस रीडिंग के क्षेत्र मे 28वर्षों से कार्यरत, देश-दुनिया के हजारों लोगों के बारे में सटीक भविष्यवाणियां और उनका मार्गदर्शन किया। 2019 में की गई भविष्यवाणी कि भाजपा अकेले 303 सीटे प्राप्त कर सत्ता में वापस आएगी और नीचभंग राजयोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विजयी बनायेगा, सर्वविदित और चर्चा में रही। वैदिक ज्योतिष के मतानुसार स्वाती सक्सेना का मानना है कि मनुष्य का जीवन कर्म और भाग्य दोनों से चलता है। आप का मुख्य फोकस इस बात पर रहता है कि भाग्य और कर्म के आधार पर भविष्यवाणी की जाए।

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" जिंदगी के अक्स " Written by
Dr. Swati Saxena

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